उत्तर प्रदेश शासन पंचायती राज अनुभाग-3 लखनऊ : दिनांक मई, 2026 कार्यालय ज्ञाप सामान्य पंचायत निर्वाचन, 2021 के पश्चात गठित ग्राम पंचायत
उत्तर प्रदेश शासन
पंचायती राज अनुभाग-3
लखनऊ : दिनांक मई, 2026
कार्यालय ज्ञाप
सामान्य पंचायत निर्वाचन, 2021 के पश्चात गठित ग्राम पंचायतों का कार्यकाल दिनांक 26.05.2026 को समाप्त हो रहा है। उल्लेखनीय है कि उ०प्र० पंचायत राज अधिनियम, 1947 की धारा-12 की उपधारा-(3) (क) में यह प्रावधान है कि ‘कोई ग्राम पंचायत जब तक कि उसे धारा-95 की उपधारा (1) के खण्ड (च) के अधीन पहले ही विघटित न कर दिया जाए, अपनी प्रथम बैठक के लिए नियत दिनांक से 05 वर्ष तक न कि उससे अधिक बनी रहेगी।’ इसी प्रकार उक्त धारा की उपधारा (4) में यह प्रावधान है कि ‘ग्राम पंचायत के किसी सदस्य का कार्यकाल जब तक कि इस अधिनियम के उपबन्धों के अधीन अन्यथा समाप्त न कर दिया जाए, ग्राम पंचायत के कार्यकाल के साथ समाप्त हो जायेगा।’
2- उक्त अधिनियम की धारा 12 की उपधारा (3-क) में यह भी प्रावधान है कि ‘इस अधिनियम के किन्हीं अन्य उपबन्धों में किसी बात के होते हुए भी जहाँ अपरिहार्य परिस्थितियों के कारण या लोकहित में किसी ग्राम पंचायत का संगठन करने के लिए उसके कार्यकाल के अवसान के पूर्व निर्वाचन कराना साध्य नहीं है, वहाँ राज्य सरकार या उसके द्वारा इस निमित्त प्राधिकृत कोई अधिकारी, आदेश द्वारा, प्रशासनिक समिति, जिसमें ग्राम पंचायत के सदस्यों के रूप में निर्वाचित किये जाने के लिए, ऐसी संख्या में जैसी वह उचित समझे, अर्ह व्यक्ति होंगे, या प्रशासक नियुक्त कर सकता है और प्रशासनिक समिति के सदस्य या प्रशासक छह माह से अनधिक ऐसी अवधि के लिए जैसी कि उक्त आदेश में विनिर्दिष्ट की जाए, पद धारण करेगा और ग्राम पंचायत, उसके प्रधान और समितियों की समस्त शक्तियाँ, कृत्य और कर्तव्य, यथास्थिति, ऐसी प्रशासनिक समिति या प्रशासक में निहित होंगे और उनके द्वारा उनका प्रयोग, सम्पादन और निर्वहन किया जायेगा।’
3- ग्राम पंचायतों के सामान्य निर्वाचन, 2026 के पश्चात संगठित की जाने वाली नई ग्राम पंचायतों की प्रथम बैठक के लिए नियत की जाने वाली तिथि तक, अथवा अधिकतम छह माह की अवधि के लिए, जो भी पहले हो, निवर्तमान ग्राम प्रधानों को सम्यक विचारोपरांत ग्राम पंचायतों में प्रशासक के रूप में नियुक्त किये जाने का निर्णय लिया गया है।
4- ग्राम पंचायतों के कार्यकाल समाप्ति की तिथि 26-05-2026 के उपरान्त दिनांक-27-05-2026 से निवर्तमान ग्राम प्रधानों को ग्राम पंचायतों में प्रशासक के रूप में सामान्य (रूटीन) कार्यों का निर्वहन किये जाने हेतु नामित किये जाने के लिए सम्बन्धित जिले के जिलाधिकारी को प्राधिकृत किया जाता है। उक्त प्रशासक द्वारा कोई नीति विषयक निर्णय नहीं लिया जायेगा। ग्राम पंचायत के प्रशासक द्वारा अत्यावश्यक एवं विशेष परिस्थितियों में नीति विषयक निर्णय सम्बन्धी प्रस्ताव जिला पंचायत राज अधिकारी के माध्यम से जिलाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत कर स्वीकृति प्राप्त की जायेगी।
Digitally signed by
ANIL KUMAR
Date: 25-05-2026
19:09:31
(अनिल कुमार)
प्रमुख सचिव।
संख्या व दिनांकः तदैव
प्रतिलिपिः- निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित।
1- प्रमुख स्टाफ ऑफिसर, मुख्य सचिव, उ०प्र० शासन।
2- कृषि उत्पादन आयुक्त, उ०प्र० शासन।
3- समस्त मण्डलायुक्त उ०प्र०।
4- समस्त जिलाधिकारी उ०प्र०।
5- निदेशक, पंचायती राज उ०प्र०।
6- सचिव, राज्य निर्वाचन आयोग, उ०प्र०।
7- समस्त मुख्य विकास अधिकारी, उ०प्र०।
8- समस्त मण्डलीय उपनिदेशक (पंचायत) उ०प्र०।
9- समस्त जिला पंचायत राज अधिकारी, उ०प्र०।
10- समस्त सहायक विकास अधिकारी (पं०) उ०प्र०।
11- पंचायती राज अनुभाग-1/2/4 उ०प्र० शासन।
12- गार्ड फाइल।
आज्ञा से,
Date: 25-05-2026
19:14:15 Digitally signed by
Kishalay Singh
(किशलय सिंह)
अनु सचिव।
उत्तर प्रदेश शासन द्वारा जारी शासनादेश पढ़ने के लिये दिये गए लिंक पर क्लिक करें।

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